सांसद अर्विन्द धर्मापुरी की नज़र सेविकास, सेवा और संगठन की कहानी। राजनीति मेंकोई भी चुनाव छोटा नहीं होता। हर चुनाव निष्ठा, संगठन और जनता सेजुड़ाव की परीक्षा है। मैंनेहमेशा हर चुनाव, चाहेवह राष्ट्रीय हो, राज्य स्तरीय हो या स्थानीय, उसी गंभीरता और वैज्ञानिक दृष्टिकोण...







